Connect with us

Uncategorized

महिला दिवस पर कविता ‘नारी तू नारायणी,

जन्म देती नव सृष्टि को
दृष्टिकोण देती हर दृष्टि को
नीर से पीर मिटा कर
रिद्धि से सिद्धि दिलाकर
खुद में सागर समाकर
तुलसी में उम्मीद जगाकर
कर्म से धर्म जोड़कर
अंगार से श्रृंगार जोड़कर
कृति से संस्कृति तक
भक्ति से शक्ति तक
परवाह से प्रवाह तक
अगन से तपन तक
दहलीज से क्षितिज तक
तुम ही सार हो
तुम ही संसार हो
नारी तू नारायणी
तू ही जगत कल्याणी।
यह कविता ग्राम बिरिया झनकट उधम सिंह नगर जिले की कवयित्री बसंती सामंत ने पर्वत प्रेरणा न्यूज को लिखकर भेजी है।

आपको बताते चलें कि कवयित्री बसंती सामंत को कविता लेखन के क्षेत्र में अटल हिंदी सम्मान,2020काव्य प्रभा कवि सम्मान, 2020 fisa द रियल सुपर वुमन, 2021उत्तराखंड महिला रत्न, उत्तराखंड नारी गौरव सम्मान जैसे कीर्तिमान सम्मानो से नवाजा जा चुका है।

संवाददाता:- गौरव शर्मा टनकपुर

Ad
यह भी पढ़ें -  भगवानपुर में जाम पर भड़के विधायक फुरकान, JCB से बंद रास्ते को खुलवाया
Continue Reading
You may also like...

More in Uncategorized

Trending News